मैं कौवा मुझको भी गाना – Crow Song

जब भी गीत सुनाना चाहूँ मन की बात बताना चाहूँ बुलबुल टोक मुझे देती है गाकर कोई मधुर तराना। मैं कौवा, मुझको भी गाना।।

यूँ सुराही दिखाने से क्या फायदा – ग़ज़ल

यूँ सुराही दिखाने से क्या फायदा प्यास मेरी बढ़ाने से क्या फायदा तेरी बोतल कुछ भी नशा ही नहीं जाम पीने-पिलाने से क्या फायदा।

​दिलों में झाँकता, जमीर टटोलता कोई – See the heart’s beauty, not only face

दिलों में झाँकता, जमीर टटोलता कोई, 'बड़ा ही खूबसूरत है' ये बोलता कोई। जिसे भी देखिए चेहरे पे फ़िदा हो जाता, हुस्न की भीतरी परतें भी खोलता कोई।